बरसते पानी में भी नहीं थमे शिवभक्तों के कदम, पाटन से टोलघाट तक निकली भव्य कांवड़ यात्रा। Despite the relentless rain, the devotion of Shiva devotees remained undeterred as a grand Kanwar Yatra was taken out from Patan to Tolghat.अविरतवर्षायामपि शिवभक्तानां पदानि न विरमन्ति। पाटनतः टोलघाटपर्यन्तं भव्यः कावडयात्रामहोत्सवः श्रद्धया उत्साहेन च आयोजितः।
सावन के पावन अवसर पर बरसते पानी के बीच भी शिवभक्तों की आस्था और उत्साह में कोई कमी नहीं आई। जितेंद्र वर्मा के नेतृत्व में पाटन से टोलघाट तक भव्य कांवड़ यात्रा निकाली गई। यात्रा के दौरान श्रद्धालु ‘बोल बम’ और ‘हर हर महादेव’ के जयघोष करते हुए आगे बढ़े। बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में कांवड़िए यात्रा में शामिल हुए और पूरे मार्ग में भक्तिमय वातावरण बना रहा।

पाटन। सावन के तीसरे सोमवार के पावन अवसर पर 17 अगस्त को बोल बम कांवड़ यात्रा समिति, पाटन के संयोजक श्री जितेंद्र वर्मा के नेतृत्व में पाटन से टोला घाट तक भव्य एवं विशाल कांवड़ यात्रा निकाली गई। लगातार हो रही बारिश और प्रतिकूल मौसम के बावजूद शिवभक्तों का उत्साह और आस्था अटूट रही। बड़ी संख्या में श्रद्धालु हाथों में कांवड़ लेकर “बोल बम” और “हर हर महादेव” के जयघोष के साथ यात्रा में शामिल हुए। पूरे मार्ग में भक्ति, श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत वातावरण देखने को मिला।
कांवड़ यात्रा का शुभारंभ पाटन स्थित ओग्गार तालाब में विराजमान भगवान भोलेनाथ की विधिवत पूजा-अर्चना और जलाभिषेक के साथ हुआ। इसके बाद हजारों शिवभक्त कांवड़ लेकर टोला घाट की ओर रवाना हुए। लगातार बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं के कदम नहीं रुके और कांवड़ यात्रा पूरे उत्साह के साथ आगे बढ़ती रही। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों समेत विभिन्न आयु वर्ग के श्रद्धालु डीजे पर गूंज रहे भोले बाबा के भजनों पर भक्तिभाव में लीन नजर आए। “बोल बम” और “हर हर महादेव” के जयघोष से पूरा मार्ग शिवमय हो गया और यात्रा में उत्साह व भक्ति का माहौल बना रहा।

कांवड़ यात्रा के संयोजक श्री जितेंद्र वर्मा ने कहा कि कांवड़ यात्रा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था, अनुशासन, सेवा, सनातन परंपरा, श्रद्धा, संस्कृति और सामाजिक समरसता का महापर्व है। उन्होंने कहा कि बारिश ने शिवभक्तों के उत्साह को कम करने के बजाय उनकी आस्था और मजबूत कर दी। भगवान भोलेनाथ के प्रति अटूट श्रद्धा और विश्वास के साथ हजारों श्रद्धालुओं ने प्रतिकूल मौसम के बीच भी यात्रा पूरी की। उन्होंने कहा कि यह आयोजन पाटन क्षेत्र की धार्मिक चेतना, आपसी भाईचारे और सामूहिक आस्था का प्रेरणादायी उदाहरण है।

बारिश मे भी गुंजता रहा हर हर महादेव।
कांवड़ यात्रा के दौरान पूरे मार्ग पर “बोल बम” और “हर हर महादेव” के जयघोष लगातार गूंजते रहे। बारिश के बावजूद कांवड़ियों की लंबी कतारें और श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। खराब मौसम भी शिवभक्तों की आस्था और जोश को कम नहीं कर सका। यात्रा मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और सेवाभावी लोगों ने कांवड़ियों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराईं तथा सेवा कार्य किए। सेवा शिविरों के माध्यम से श्रद्धालुओं की जरूरतों का ध्यान रखा गया, जिससे पूरी यात्रा के दौरान भक्ति के साथ सेवा और सहयोग की भावना भी नजर आई।
टोलघाट पहुंचने वाले शिवभक्तों के लिए श्रद्धालुओं ने अनूठी सेवा पहल की। ‘एक मुट्ठी दान भगवान शंकर के नाम’ अभियान के तहत एकत्रित अन्न एवं सहयोग से महाप्रसाद तैयार कराया गया। इसके बाद शिवभक्तों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने महाप्रसाद ग्रहण कर सेवा कार्य में अपना सहयोग दिया।

सोनहा बादर की सांस्कृतिक प्रस्तुति से गूंजा टोलघाट, श्रद्धालुओं ने उठाया आनंद।
टोलघाट में धार्मिक आयोजन के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम ने भी श्रद्धालुओं को आकर्षित किया। प्रसिद्ध गायक जितेंद्र साहू के नेतृत्व में सोनहा बादर की शानदार सांस्कृतिक प्रस्तुति ने कार्यक्रम में लोक रंग और भक्ति का माहौल बना दिया। बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु कार्यक्रम देखने के लिए मौजूद रहे और कलाकारों की प्रस्तुति का आनंद लिया।
आयोजन में जनप्रतिनिधियों समेत बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक हुए शामिल।
कार्यक्रम में दुर्ग के लोकप्रिय सांसद विजय बघेल, छत्तीसगढ़ अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग के उपाध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त ललित चंद्राकर, साजा के पूर्व विधायक लाभचंद बाफना, डोंगरगढ़ के पूर्व विधायक विनोद खांडेकर तथा तेलघानी बोर्ड के अध्यक्ष जितेंद्र साहू सहित अनेक जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
इस अवसर पर नगर पंचायत पाटन के अध्यक्ष योगेश निक्की भाले, मंडल अध्यक्ष रानी केशव बन्छोर, ज्योति प्रकाश साहू, कमलेश चंद्राकर, जनपद पंचायत अध्यक्ष कीर्ति नायक, उपाध्यक्ष कमलेश वर्मा, सभापति प्रणव शर्मा सहित जनपद पंचायत के सदस्यगण एवं क्षेत्र के अनेक सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। आयोजन में बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता रही।
रागिनी निषाद, प्रेम लाल साहू, इंद्रा साहू, आर.एन. वर्मा, विनोद साहू, घनश्याम सोनी, गिरधर बघेल, रमेश देवांगन, खेमिन साहू, तनुजा साहू, चित्रसेन कलिहारी, फते वर्मा, प्रवीन यदु, चंदू देवांगन, प्रमोद नेमा, प्रमोद बाघ, मदन वढ़ाई, विजये ताम्रकार, रवि सिंगोर, विनय चंद्राकर, बिरेंद्र कौशिक, कामता सिंगोर, शुभम बंछोर, पुष्पेंद्र बंछोर, गोकुल वर्मा, मनोज वर्मा, गुलशन सोनी, राहुल देवांगन, डॉ. श्रवण साहू, राजेंद्र साहू, मिलन देवांगन, कुणाल वर्मा, आर्यन देवांगन, तमेश वर्मा, देवेंद्र ठाकुर, आकाश यदु, भूपेश साहू, विद्यासागर निषाद और अजय वर्मा सहित बड़ी संख्या में शिवभक्त मौजूद रहे।
English
On the auspicious occasion of the third Monday of Sawan, a grand Kanwar Yatra was taken out on August 17 from Patan to Tola Ghat under the leadership of Shri Jitendra Verma, convenor of the Bol Bam Kanwar Yatra Committee, Patan. Despite continuous rainfall and adverse weather conditions, the faith and enthusiasm of the devotees remained unwavering. A large number of Shiva devotees participated in the procession carrying Kanwars and chanting “Bol Bam” and “Har Har Mahadev.” The entire route resonated with devotion, spiritual fervor and enthusiasm.
The Kanwar Yatra began with a traditional worship ceremony and Jalabhishek of Lord Bholenath at the Oggar Talab in Patan. Following the rituals, thousands of Shiva devotees set out towards Tola Ghat carrying Kanwars on their shoulders. Despite the persistent rain, the devotees continued their journey with unwavering faith and enthusiasm. Women, youth and elderly devotees from different sections of society participated wholeheartedly, immersing themselves in the devotional atmosphere created by Shiva bhajans played on the DJ. Chants of “Bol Bam” and “Har Har Mahadev” echoed along the route, filling the entire procession with spiritual fervor and celebration
Kanwar Yatra convenor Shri Jitendra Verma said that the Kanwar Yatra is not merely a religious event, but a grand celebration of faith, discipline, service, Sanatan traditions, devotion, culture and social harmony. He said that the rain did not dampen the enthusiasm of Shiva devotees; instead, it strengthened their faith. Thousands of devotees completed the journey despite the adverse weather, driven by their unwavering devotion and belief in Lord Bholenath. He described the event as an inspiring reflection of the religious spirit, social harmony and collective faith of the Patan region.
Shri Jitendra Verma expressed his gratitude to all Shiva devotees who participated enthusiastically in the Kanwar Yatra, along with social and religious organizations, youth groups, women’s groups, public representatives, members of the business community and volunteers. He also thanked everyone who contributed directly or indirectly to the successful organization of the event. He said that the collective support, participation and dedication of all sections of society made the grand religious procession a success.
“Har Har Mahadev” Echoed Even Amid the Rain
During the Kanwar Yatra, chants of “Bol Bam” and “Har Har Mahadev” echoed continuously along the entire route. Despite the rain, long queues of Kanwariyas and the enthusiasm of devotees were a remarkable sight. The unfavorable weather could not diminish their faith or spirit. At several points along the route, devotees, social workers and volunteers made necessary arrangements and provided services for the Kanwariyas. Various service camps extended support to the pilgrims, reflecting a strong spirit of devotion, cooperation and community service throughout the journey.
Mahaprasad Prepared in the Name of Lord Shiva Through ‘One Fistful Donation’ Campaign
An inspiring service initiative was organized for devotees travelling to Tolghat. Under the ‘One Fistful Donation in the Name of Lord Shankar’ campaign, food grains and other contributions collected from devotees were used to prepare Mahaprasad. The prepared prasad was then distributed among Shiva devotees, with a large number of pilgrims participating and receiving the sacred offering.
Sonha Badar’s Cultural Performance Captivates Devotees at Tolghat
Along with the religious gathering at Tolghat, a vibrant cultural programme was also organized for devotees. The impressive performance by Sonha Badar, led by renowned singer Jitendra Sahu, created a lively atmosphere filled with folk culture and devotion. Despite the rain, a large number of people gathered to enjoy the cultural presentation.
Public Representatives and Prominent Citizens Attend the Event in Large Numbers
The event witnessed the presence of several public representatives and prominent citizens, including Durg MP Vijay Baghel, Chhattisgarh Other Backward Classes Commission Vice-Chairman and Cabinet Minister-rank leader Lalit Chandrakar, former Saja MLA Labhchand Bafna, former Dongargarh MLA Vinod Khandekar and Telghani Board Chairman Jitendra Sahu.
Nagar Panchayat Patan President Yogesh Nikky Bhale, Mandal President Rani Keshav Banchhor, Jyoti Prakash Sahu, Kamlesh Chandrakar, Janpad Panchayat President Kirti Nayak, Vice-President Kamlesh Verma and Chairman Pranav Sharma were also present along with several elected representatives, members and social workers. A large number of people participated in the programme.
Ragini Nishad, Prem Lal Sahu, Indra Sahu, R.N. Verma, Vinod Sahu, Ghanshyam Soni, Girdhar Baghel, Ramesh Dewangan, Khemin Sahu, Tanuja Sahu, Chitrasen Kalihari, Fateh Verma, Praveen Yadu, Chandu Dewangan, Pramod Nema, Pramod Bagh, Madan Vadhai, Vijaye Tamrakar, Ravi Singor, Vinay Chandrakar, Birendra Kaushik, Kamta Singor, Shubham Banchhor, Pushpendra Banchhor, Gokul Verma, Manoj Verma, Gulshan Soni, Rahul Dewangan, Dr. Shravan Sahu, Rajendra Sahu, Milan Dewangan, Kunal Verma, Aryan Dewangan, Tamesh Verma, Devendra Thakur, Akash Yadu, Bhupesh Sahu, Vidyasagar Nishad and Ajay Verma were among the large number of Shiva devotees present on the occasion.
संस्कृत
श्रावणमासस्य तृतीयस्य सोमवासरस्य पावने अवसरे अगस्तमासस्य सप्तदशे दिने पाटनतः टोलाघाटपर्यन्तं भव्यं विशालं च कांवड़यात्रायाः आयोजनं कृतम्। बोलबम-कांवड़यात्रासमितेः पाटन-संयोजकस्य श्रीजितेन्द्रवर्मणः नेतृत्वे एषा यात्रा सम्पन्ना। निरन्तरवृष्टेः प्रतिकूलमौसमस्य च सत्त्वेऽपि शिवभक्तानां श्रद्धायाः उत्साहस्य च किञ्चिदपि न्यूनता नाभवत्। बहवः श्रद्धालवः स्कन्धेषु कांवडं धारयित्वा “बोल बम, हर हर महादेव” इति घोषैः सह यात्रायाम् सम्मिलिताः। सम्पूर्णे मार्गे भक्तेः, श्रद्धायाः उत्साहस्य च अद्भुतं वातावरणं दृश्यते स्म।
कांवड़यात्रायाः शुभारम्भः पाटन-स्थिते ओग्गरतडागे विराजमानस्य भगवान् भोलेनाथस्य विधिवत् पूजन-अर्चनया जलाभिषेकेन च अभवत्। ततः सहस्रशः शिवभक्ताः स्कन्धेषु कांवडं धारयित्वा टोलाघाटस्य दिशि प्रस्थिताः। निरन्तरवृष्टेः सत्त्वेऽपि श्रद्धालूनां पादाः न न्यवर्तन्त, ते पूर्णोत्साहेन यात्रां निरन्तरं अग्रे नीतवन्तः। महिलाः, युवानः, वृद्धाश्च विविधवर्गीयाः श्रद्धालवः डीजे-यन्त्रे प्रसारितैः शिवभक्तिगीतैः भक्तिभावेन निमग्नाः सन्तः उत्साहपूर्वकं यात्रायां सहभागीभूताः। “बोल बम” तथा “हर हर महादेव” इति घोषैः सम्पूर्णः मार्गः शिवमयः अभवत्।
कांवड़यात्रायाः संयोजकः श्रीजितेन्द्रवर्मा अवदत् यत् कांवड़यात्रा केवलं धार्मिकः कार्यक्रमः न, अपितु श्रद्धायाः, अनुशासनस्य, सेवायाः, सनातनपरम्परायाः, संस्कृतेः सामाजिकसमरसतायाश्च महापर्व अस्ति। सः अवदत् यत् अद्यतनवृष्टिः शिवभक्तानाम् उत्साहं न्यूनं न कृतवती, अपितु तेषां श्रद्धां अधिकां दृढीकृतवती। भगवान् भोलेनाथे दृढश्रद्धया विश्वासेन च सह सहस्रशः श्रद्धालवः प्रतिकूलेऽपि मौसमे यात्रां पूर्णतया सम्पन्नवन्तः। एषा यात्रा पाटनक्षेत्रस्य धार्मिकचेतनायाः, सामाजिकसौहार्दस्य सामूहिकश्रद्धायाश्च अद्भुतं प्रेरणादायकं उदाहरणम् अस्ति।
श्रीजितेन्द्रवर्मा कांवड़यात्रायां उत्साहपूर्वकं सम्मिलितेभ्यः सर्वेभ्यः शिवभक्तेभ्यः, सामाजिकेभ्यः धार्मिकेभ्यश्च संगठनेभ्यः, युवामण्डलेभ्यः, महिलासमूहेभ्यः, जनप्रतिनिधिभ्यः, व्यापारीभ्रातृभ्यः स्वयंसेवकेभ्यश्च हार्दिकं कृतज्ञतां प्रकटितवान्। आयोजनस्य सफलतायै प्रत्यक्षतः परोक्षतः वा सहयोगं कृतवद्भ्यः सर्वेभ्यः अपि सः आभारं व्यक्तवान्। सः अवदत् यत् सर्वेषां सामूहिकसहयोगेन, सहभागितया समर्पणेन च एषः भव्यः धार्मिकः कार्यक्रमः सफलतया सम्पन्नः अभवत्।
वृष्टावपि “हर हर महादेव” इति जयघोषः गुंजायमानः अभवत्।
कांवड़यात्रायाः सम्पूर्णे मार्गे “बोल बम” तथा “हर हर महादेव” इति जयघोषाः निरन्तरं गुञ्जायमानाः आसन्। वृष्टेः मध्येऽपि कांवड़धारिणां दीर्घाः पङ्क्तयः श्रद्धालूनां च उत्साहः सर्वेषां मनांसि आकर्षयन्ति स्म। प्रतिकूलमौसमस्य प्रभावः अपि शिवभक्तानां श्रद्धां उत्साहं च न्यूनं कर्तुं न अशक्नोत्। यात्रामार्गे विभिन्नस्थानेषु श्रद्धालुभिः, समाजसेवकैः सेवाभाविभिश्च कांवड़धारिभ्यः आवश्यकव्यवस्थाः कृताः सेवाकार्याणि च सञ्चालितानि। सेवाशिबिरैः तीर्थयात्रिकेभ्यः आवश्यकसहायता प्रदत्ता, येन सम्पूर्णयात्रायां भक्तेः सह सहयोगस्य सेवाभावस्य च दर्शनम् अभवत्।
कार्यक्रमे जनप्रतिनिधयः गणमान्यजनाश्च बहुसंख्यया समुपस्थिता
कार्यक्रमे दुर्गस्य लोकप्रियः सांसदः विजय बघेलः, छत्तीसगढस्य अन्यपिछडावर्गायोगस्य उपाध्यक्षः तथा मन्त्रिपदसमकक्षपदधारी ललितचन्द्राकरः, साजायाः पूर्वविधायकः लाभचन्दबाफना, डोंगरगढस्य पूर्वविधायकः विनोदखाण्डेकरः, तेलघानीमण्डलस्य अध्यक्षः जितेन्द्रसाहूः च प्रमुखतया उपस्थिताः आसन्।
अस्मिन् अवसरे नगरपञ्चायत-पाटनस्य अध्यक्षः योगेश निक्की भाले, मण्डलाध्यक्षः रानी केशव बन्छोर, ज्योतिप्रकाशसाहू, कमलेशचन्द्राकर, जनपदपञ्चायतस्य अध्यक्षः कीर्तिनायकः, उपाध्यक्षः कमलेशवर्मा, सभापतिः प्रणवशर्मा च जनपदपञ्चायतस्य सदस्यैः सामाजिककार्यकर्तृभिः अन्यैश्च गणमान्यजनैः सह समुपस्थिताः आसन्। कार्यक्रमे बहवः जनाः उत्साहपूर्वकं सहभागितां कृतवन्तः।
रागिनी निषादा, प्रेमलालः साहुः, इन्द्रा साहुः, आर.एन. वर्मा, विनोदः साहुः, घनश्यामः सोनी, गिरधरः बघेलः, रमेशः देवाङ्गनः, खेमिनः साहुः, तनुजा साहुः, चित्रसेनः कलिहारी, फते वर्मा, प्रवीनः यदुः, चन्दुः देवाङ्गनः, प्रमोदः नेमा, प्रमोदः बाघः, मदनः वढाई, विजये ताम्रकारः, रविः सिंगोरः, विनयः चन्द्राकरः, वीरेन्द्रः कौशिकः, कामता सिंगोरः, शुभमः बंछोरः, पुष्पेन्द्रः बंछोरः, गोकुलः वर्मा, मनोजः वर्मा, गुलशनः सोनी, राहुलः देवाङ्गनः, डॉ. श्रवणः साहुः, राजेन्द्रः साहुः, मिलनः देवाङ्गनः, कुणालः वर्मा, आर्यनः देवाङ्गनः, तमेशः वर्मा, देवेन्द्रः ठाकुरः, आकाशः यदुः, भूपेशः साहुः, विद्यासागरः निषादः तथा अजयः वर्मा इत्येतेषां सहितं बहवः शिवभक्ताः उपस्थिताः आसन्।


