छत्तीसगढ़ में वन्यजीव संरक्षण की बड़ी पहल: 5 दशक बाद गोमर्दा अभयारण्य लौटेंगे काले हिरण; ‘ऑरेंज ओकलीफ’ बनेगी पहली राज्य तितली.Major Wildlife Revival in Chhattisgarh: 50 Blackbucks to Return to Gomarda Sanctuary After 5 Decades; ‘Orange Oakleaf’ Approved as First State Butterfly. छत्तीसगढ़राज्ये वन्यजीवरक्षणाय महती पहल: पञ्चदशकात् परं गोमर्दा अभयारण्ये कृष्णमृगाणां पुनरागमनम्; ‘ऑरेंज ओकलीफ’ प्रथमा राज्यतित्तलिका इति घोषिता.

छत्तीसगढ़ के वन्यजीव प्रेमियों और पर्यावरणविदों के लिए एक बेहद सुखद खबर सामने आई है। राज्य सरकार और वन्यजीव विभाग के प्रयासों से प्रदेश में जैव विविधता को नया आयाम मिलने जा रहा है। गोमर्दा वन्यजीव अभयारण्य में करीब 5 दशकों (50 साल) के लंबे इंतजार के बाद काले हिरणों (Blackbucks) की वापसी होने जा रही है। योजना के तहत शुरुआती चरण में 50 काले हिरणों को इस अभयारण्य में सुरक्षित रूप से लाकर बसाया जाएगा।
इसके साथ ही, राज्य वन्यजीव बोर्ड की बैठक में एक और ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। बोर्ड ने ‘ऑरेंज ओकलीफ’ (Orange Oakleaf) को छत्तीसगढ़ की पहली आधिकारिक ‘राज्य तितली’ (State Butterfly) घोषित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह कदम राज्य में कीट-पतंगों के संरक्षण और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में मील का पत्थर साबित होगा।
English
In a significant boost to biodiversity and conservation efforts, Chhattisgarh is set to welcome back one of its lost wildlife treasures. After a long gap of nearly five decades, blackbucks are making a comeback to the Gomarda Wildlife Sanctuary. The state plans to relocate and reintroduce a herd of 50 blackbucks into the sanctuary to revive their local population.
Alongside this major wildlife relocation initiative, the State Wildlife Board has passed another historic proposal. The board has officially approved the designation of the ‘Orange Oakleaf’ as Chhattisgarh’s first-ever official State Butterfly. This dual decision marks a crucial milestone in strengthening the state’s ecological balance and wildlife tourism.
संस्कृति
छत्तीसगढ़राज्यस्य पर्यावरणाय वन्यजीवसंवर्धनाय च एषः अतीव हर्षस्य विषयः अस्ति। राज्यसर्वकारस्य वन्यजीवबोर्डस्य च प्रयासेन विगतेभ्यः पञ्चदशकेभ्यः (५० वर्षेभ्यः) परं गोमर्दा अभयारण्ये ५० कृष्णमृगाणां (Blackbucks) पुनरागमनं भविष्यति। एतेन राज्यस्य प्राकृतिकसंतुलनं सुदृढं भविष्यति।
अनेन सहैव राज्यवन्यजीवबोर्डस्य उपवेशने अपरः ऐतिहासिकः निर्णयः स्वीकृतः। बोर्डद्वारा ‘ऑरेंज ओकलीफ’ (Orange Oakleaf) इति नामिका तित्तलिका छत्तीसगढ़राज्यस्य प्रथमा आधिकारिकी ‘राज्यतित्तलिका’ (State Butterfly) रूपेण घोषिता अस्ति। अयम् निर्णयः राज्ये कीटपतङ्गाणां संरक्षणाय पर्यावरणात्मकजागरूकतायै च अतीव महत्त्वपूर्णः अस्ति।


