ग्वालियर के शीतला माता मंदिर के द्वार पर दर्दनाक हादसा, ट्रक की चपेट में आए श्रद्धालु; 12 की मौत, 39 घायल.Truck Plows Into Devotees at Sheetla Mata Temple Gate in Gwalior; 12 Killed, 39 Injured. ग्वालियर-नगरे शीतलामातुः मन्दिरद्वारे भीषणः दुर्घटनायाः प्रसङ्गः, ट्रकयानेन भक्ताः पिष्टाः; १२ जनाः मृताः, ३९ जनाः घातिताः

0

ग्वालियर के चीनौर-नयागांव हाईवे पर स्थित शीतला माता मंदिर रोड पर शनिवार और रविवार की दरमियानी रात दर्दनाक सड़क दुर्घटना हुई। तेज रफ्तार से आ रहा धान से लदा एक अनियंत्रित ट्रक सड़क किनारे पैदल जा रहे श्रद्धालुओं को कुचलते हुए ढलान पर पलट गया। इस हादसे से घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और कई लोग इसकी चपेट में आ गए।

ग्वालियर में हुए इस भीषण सड़क हादसे में 12 लोगों की जान जाने की खबर है, जबकि 50 से अधिक लोगों के ट्रक के नीचे दबे होने की आशंका जताई जा रही है। हादसे के बाद राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी रहा। सुबह 4 बजे तक एंबुलेंस के जरिए मृतकों के शव और घायलों को ट्रामा सेंटर पहुंचाया जाता रहा। दुर्घटना के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल है। स्थिति को नियंत्रित करने तथा राहत कार्यों के लिए घटनास्थल पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।

बेकाबू ट्रक ने श्रद्धालुओं को कुचला, मंदिर मार्ग पर मची चीख-पुकार.

  • शनिवार और रविवार की दरमियानी रात करीब 1:40 बजे शीतला माता मंदिर रोड पर तेज रफ्तार ट्रक के कारण भीषण हादसा हो गया। बताया जा रहा है कि भारी ट्रक ढलान से गुजरते समय चालक के नियंत्रण से बाहर हो गया। इसके बाद बेकाबू वाहन सड़क पर पैदल जा रहे श्रद्धालुओं को कुचलता हुआ पलट गया। अचानक हुए इस हादसे से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और कई लोग इसकी चपेट में आ गए।
  • इस दर्दनाक हादसे की अचानक हुई घटना से आसपास के क्षेत्र में दहशत फैल गई। दुर्घटना की सूचना मिलते ही एसएसपी धर्मवीर सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ऋषिकेश बघेल सहित शहर के विभिन्न थानों की पुलिस टीम और प्रशासनिक अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए। अधिकारियों ने मौके की स्थिति का जायजा लिया और राहत एवं बचाव कार्यों को लेकर आवश्यक कदम उठाए।
  • हादसे के बाद राहत एवं बचाव अभियान चलाकर ट्रक के नीचे दबे लोगों और गंभीर रूप से घायल श्रद्धालुओं को बाहर निकाला गया। घायलों की नाजुक हालत को देखते हुए एंबुलेंस का इंतजार करने के बजाय उन्हें तत्काल एक लोडिंग वाहन में बैठाकर जयारोग्य अस्पताल के ट्रामा सेंटर भेजा गया।
  • वहीं, प्रत्यक्षदर्शी कृणाल चौहान ने हादसे की भयावहता बताते हुए कहा कि वह अपने साथियों के साथ पैदल शीतला माता मंदिर जा रहे थे। इसी दौरान अचानक ट्रक के ब्रेक फेल हो गए। इसके बाद बेकाबू ट्रक सड़क पर मौजूद लोगों को रौंदता हुआ श्रद्धालुओं पर जा गिरा। प्रत्यक्षदर्शी के मुताबिक, घटना इतनी अचानक हुई कि लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला।

ग्वालियर हादसा: आठ मृतकों की पहचान हुई

ग्वालियर में हुए भीषण सड़क हादसे में जान गंवाने वालों में सात लोगों की पहचान सामने आई है। मृतकों में सरला तोमर (50 वर्ष), गौरव परिहार (18 वर्ष), महेश शर्मा (45 वर्ष), विमलेश (18 वर्ष), देवेश बघेल (17 वर्ष), प्रिंस उर्फ छोटू जाटव (16 वर्ष) और शौर्य शर्मा (15 वर्ष) शामिल हैं। हादसे में किशोरों की मौत से परिजनों और स्थानीय लोगों में शोक का माहौल है।

हादसे के पीड़ित परिवारों ने सरकार से आर्थिक सहायता की मांग की.

  • एक स्थानीय निवासी ने हादसे के बाद के भयावह दृश्य का जिक्र करते हुए कहा कि घटनास्थल पर चारों ओर अफरा-तफरी और चीख-पुकार का माहौल था। लोग घबराए हुए अपने परिजनों को तलाश रहे थे, जबकि कई लोगों को ट्रक के नीचे फंसा देखकर हर कोई दुखी था। निवासी ने इस हादसे के लिए ग्वालियर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए इसे प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम बताया।
  • शीतला माता मंदिर में हुए दर्दनाक हादसे को एक बड़ी चूक बताते हुए स्थानीय लोगों ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उनका कहना है कि इस घटना ने सनातन आस्था को गहरा आघात पहुंचाया है। मंदिर के प्रति श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और भावनात्मक जुड़ाव है। ऐसे पवित्र स्थल के मार्ग पर हुई इस त्रासदी ने लोगों का दिल तोड़ दिया है।
  • शीतला माता मंदिर हादसे को लेकर एक स्थानीय व्यक्ति ने सरकार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से ग्वालियर पहुंचकर पीड़ित परिवारों से मिलने की मांग की है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सनातन धर्म, उज्जैन और मंदिरों की बात करते हैं, इसलिए उन्हें इस दुखद घटना के बाद ग्वालियर आना चाहिए। हादसे में जान गंवाने वालों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया जाए और घायलों का इलाज पूरी तरह मुफ्त कराया जाए।
  • उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वह अस्पताल पहुंचकर भूख हड़ताल शुरू कर देंगे। उनका कहना है कि हादसे के पीड़ितों को न्याय मिलना चाहिए और प्रभावित परिवारों के साथ हुए अन्याय को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

English

A tragic road accident occurred during the intervening night of Saturday and Sunday on Sheetla Mata Temple Road along the Chinaur-Nayagaon Highway in Gwalior. A speeding truck loaded with paddy went out of control, ran over devotees walking along the roadside, and overturned on a slope. The incident triggered panic at the scene, leaving several people caught in the accident.

A devastating road accident in Gwalior has reportedly claimed 12 lives, while more than 50 people are feared trapped beneath the overturned truck. Rescue operations continued for several hours after the incident. Until 4 a.m., ambulances kept transporting the bodies of the deceased and injured victims to the trauma centre. The accident has triggered widespread panic and grief in the area, prompting the deployment of a large police contingent to manage the situation and assist with rescue efforts.

Uncontrolled Truck Runs Over Devotees, Triggering Chaos on Temple Road.

  • At around 1:40 a.m. during the intervening night of Saturday and Sunday, a speeding truck caused a horrific accident on Sheetla Mata Temple Road. The driver reportedly lost control of the heavy vehicle while negotiating a downhill stretch. The truck then ploughed into devotees walking along the road before overturning. The sudden crash triggered panic at the scene, leaving several people caught in the accident.
  • The sudden and devastating accident sent shockwaves through the surrounding area. As soon as the information was received, SSP Dharmveer Singh, Additional Superintendent of Police Rishikesh Baghel, police personnel from several city police stations, and administrative officials rushed to the scene. The officials assessed the situation and took necessary steps to coordinate rescue and relief operations.
  • Following the accident, rescue teams pulled out people trapped beneath the truck and seriously injured devotees. Considering the critical condition of the victims, they were immediately transported to the Trauma Centre of J.A. Hospital in a loading vehicle without waiting for an ambulance.
  • Eyewitness Krunal Chauhan described the horrifying incident, saying that he and his companions were walking towards Sheetla Mata Temple when the truck’s brakes suddenly failed. The uncontrolled vehicle ran over people on the road before crashing into the devotees. According to the eyewitness, the incident unfolded so suddenly that the victims had virtually no time to react.

Gwalior Accident: Identities of Eight Victims Confirmed.

Seven victims who lost their lives in the tragic road accident in Gwalior have been identified. The deceased have been named as Sarla Tomar (50), Gaurav Parihar (18), Mahesh Sharma (45), Vimlesh (18), Devesh Baghel (17), Prince alias Chhotu Jatav (16), and Shaurya Sharma (15). The deaths, including those of several teenagers, have left their families and the local community grieving.

Families of Accident Victims Seek Financial Compensation from the Government.

  • Recounting the horrifying scenes after the accident, a local resident said that the area was filled with chaos, panic, and cries for help. People were desperately searching for their family members, while the sight of individuals trapped beneath the truck was deeply distressing. The resident questioned the functioning of the Gwalior administration and alleged that administrative negligence was responsible for the tragedy.
  • Describing the tragic incident at Sheetla Mata Temple as a major failure, people expressed deep sorrow over the loss of lives. They said the tragedy had deeply hurt Sanatan faith, as the temple holds immense religious and emotional significance for devotees. The incident near such a sacred place has left the community heartbroken.

Following the Sheetla Mata Temple accident, a local resident has urged the government and Chief Minister Dr. Mohan Yadav to visit Gwalior and meet the affected families. He stated that since the Chief Minister speaks about Sanatan Dharma, Ujjain, and temples, he should visit the city following this tragic incident.

He demanded adequate compensation for the families of those who lost their lives and completely free medical treatment for the injured. He also warned that if the demands were not addressed, he would begin a hunger strike at the hospital. He emphasized that the victims must receive justice and that the injustice suffered by the affected families would not be tolerated.

संस्कृति

ग्वालियरनगरे चीनौर-नयाग्रामराजमार्गे स्थिते शीतलामातामन्दिरमार्गे शनिवासर-रविवासरयोः मध्यरात्रौ हृदयविदारकः मार्गदुर्घटनाप्रसङ्गः अभवत्। धान्यभारयुक्तः अतिवेगवान् अनियन्त्रितः ट्रकः मार्गस्य पार्श्वे पद्भ्यां गच्छतः भक्तान् अभिघात्य ढलाने पलटितः। अस्मिन् दुर्घटनाप्रसङ्गे घटनास्थले महान् कोलाहलः अभवत् तथा च अनेके जनाः दुर्घटनायाः प्रभावे समागताः।

ग्वालियरनगरे घटितायां भीषणमार्गदुर्घटनायां द्वादश जनानां मृत्योः वार्ता प्राप्ता अस्ति। पञ्चाशदधिकाः जनाः ट्रकयानस्य अधः निपीडिताः स्युः इति आशङ्का व्यक्ता अस्ति। दुर्घटनायाः अनन्तरं रक्षाकार्यं निरन्तरम् अभवत्। प्रातः चतुर्वादनपर्यन्तं रुग्णवाहिकाभिः मृतानां पार्थिवदेहानि आहताश्च आघातचिकित्साकेन्द्रं नीयमानाः आसन्। घटनया सम्पूर्णे क्षेत्रे शोकाकुलः कोलाहलमयश्च वातावरणः निर्मितः अस्ति। परिस्थितेः नियन्त्रणाय रक्षाकार्ये च सहयोगार्थं बहुसंख्यकाः आरक्षिबलस्य सदस्याः घटनास्थले नियोजिताः सन्ति।

अनियन्त्रितं ट्रकयानं भक्तान् अभिचूर्णयत्, मन्दिरमार्गे च आर्तनादः व्याप्तः

  • शनिवासर-रविवासरयोः मध्यरात्रौ प्रायः १:४० वादने शीतलामातामन्दिरमार्गे तीव्रवेगेन गच्छता भारवाहकेन ट्रकयानेन भीषणः दुर्घटनाप्रसङ्गः अभवत्। अवरोहणमार्गे गच्छन् चालकः वाहनस्य नियन्त्रणं न कर्तुं समर्थः अभवत् इति कथ्यते। ततः अनियन्त्रितं वाहनं मार्गे पद्भ्यां गच्छतः भक्तान् अभिघात्य तान् अधः पातयित्वा विपर्यस्तम्। आकस्मिकेन अस्मिन् दुर्घटनाप्रसङ्गेन घटनास्थले महती अव्यवस्था उत्पन्ना, अनेके जनाश्च दुर्घटनायाः प्रभावे समागताः।
  • अकस्मात् घटितेन अस्य भीषणदुर्घटनाप्रसङ्गेन समीपवर्तिषु क्षेत्रेषु भयस्य वातावरणं व्याप्तम्। घटनायाः सूचना प्राप्तमात्रेण वरिष्ठः आरक्ष्यधिकारी धर्मवीरसिंहः, अतिरिक्तः आरक्ष्यधीक्षकः ऋषिकेशबघेलः, नगरस्य विभिन्नस्थानकेभ्यः आरक्षिकर्मचारिणः तथा प्रशासनिकाधिकारिणः च शीघ्रमेव घटनास्थलं प्राप्तवन्तः। अधिकारिणः घटनास्थलस्य स्थितिं निरीक्ष्य रक्षाकार्यस्य समुचितव्यवस्थायै आवश्यकानि पदानि स्वीकृतवन्तः।
  • दुर्घटनायाः अनन्तरं रक्षादलेन ट्रकयानस्य अधः निपीडिताः जनाः गम्भीररूपेण आहताः भक्ताश्च बहिः निष्कासिताः। आहतानां गम्भीरां स्थितिं दृष्ट्वा रुग्णवाहिकायाः प्रतीक्षां विना ते भारवाहकयाने उपवेश्य शीघ्रमेव जयारोग्यचिकित्सालयस्य आघातचिकित्साकेन्द्रं प्रेषिताः।
  • प्रत्यक्षदर्शी कृणालचौहानः दुर्घटनायाः भयावहं वृत्तान्तं वर्णयन् अवदत् यत् सः स्वसहचरैः सह पद्भ्यां शीतलामातामन्दिरं गच्छन् आसीत्। तस्मिन्नेव समये ट्रकयानस्य ब्रेकयन्त्राणि अकस्मात् निष्क्रियाणि अभवन्। ततः अनियन्त्रितं ट्रकयानं मार्गे स्थितान् जनान् अभिचूर्ण्य भक्तानाम् उपरि अपतत्। प्रत्यक्षदर्शिनः कथनानुसारं दुर्घटना एतावता आकस्मिकतया अभवत् यत् जनाः आत्मरक्षायै अपि अवसरं न प्राप्तवन्तः।

ग्वालियरदुर्घटना: अष्ट मृतकानां परिचयः सुनिश्चितः।

ग्वालियरनगरे घटितायां भीषणमार्गदुर्घटनायां मृतानां सप्त जनानां परिचयः ज्ञातः। मृतकेषु सरलातोमर (वयः ५० वर्षाणि), गौरवपरिहार (वयः १८ वर्षाणि), महेशशर्मा (वयः ४५ वर्षाणि), विमलेशः (वयः १८ वर्षाणि), देवेशबघेलः (वयः १७ वर्षाणि), प्रिन्स् उर्फ छोटू जाटवः (वयः १६ वर्षाणि) तथा शौर्यशर्मा (वयः १५ वर्षाणि) च सन्ति। किशोराणाम् अपि अस्मिन् दुर्घटनायां मृत्युः जातः, येन तेषां परिवारजनाः स्थानीयजनाश्च गहनशोके निमग्नाः सन्ति।

दुर्घटनायां मृतानां परिवारजनाः सर्वकारात् आर्थिकसहायतायाः याचनां कृतवन्तः।

  • दुर्घटनानन्तरं घटनास्थलस्य भयावहं दृश्यं वर्णयन् एकः स्थानीयः निवासी अवदत् यत् सर्वत्र अव्यवस्था, जनानां क्रन्दनं च व्याप्तम् आसीत्। जनाः भयभीताः भूत्वा स्वपरिजनान् अन्विष्यन्तः आसन्। ट्रकयानस्य अधः निपीडितान् जनान् दृष्ट्वा अत्यन्तं दुःखम् अभवत्। निवासिना अस्य दुर्घटनाप्रसङ्गस्य विषये ग्वालियरनगरस्य प्रशासनस्य कार्यप्रणाली प्रश्नाङ्किता तथा प्रशासनिकायाः लापरवाही अस्याः दुर्घटनायाः कारणम् इति आरोपः कृतः।
  • शीतलामातामन्दिरे घटितां हृदयविदारकदुर्घटनां महती त्रुटिः इति वर्णयन्तः स्थानीयजनाः गहनं दुःखं प्रकटितवन्तः। तेषां कथनम् अस्ति यत् अस्याः दुर्घटनायाः कारणेन सनातनधर्मे विद्यमानायाः श्रद्धायाः गहनः आघातः अभवत्। अस्मिन् मन्दिरे भक्तानां गहनः धार्मिकः भावनात्मकश्च सम्बन्धः अस्ति। एतादृशे पवित्रस्थले घटितया अस्याः त्रासदघटनया जनानां हृदयं भग्नम् अभवत्।
  • शीतलामातामन्दिरे घटितायाः दुर्घटनायाः अनन्तरं एकेन स्थानीयजनेन सर्वकारं मुख्यमन्त्रिणं डॉ. मोहनयादवं च ग्वालियरनगरम् आगत्य पीडितपरिवारैः सह मिलितुं प्रार्थितम्। तेन उक्तं यत् मुख्यमन्त्री सनातनधर्मस्य, उज्जयिन्याः, मन्दिराणां च विषये वदति, अतः अस्याः दुःखदघटनायाः अनन्तरं तेन ग्वालियरनगरम् आगन्तव्यम्।
  • दुर्घटनायां मृतानां परिवारजनेभ्यः समुचितक्षतिपूर्तिः दीयताम्, आहतानां च निःशुल्कचिकित्सा व्यवस्था क्रियताम् इति तेन आग्रहः कृतः। यदि एतासां मागानां पूर्तिः न भवति, तर्हि सः चिकित्सालये अनशनम् आरभेत इति चेतावनीम् अददात्। पीडितेभ्यः न्यायः अवश्यं प्राप्तव्यः तथा प्रभावितपरिवारैः सह कृतम् अन्यायपूर्णं व्यवहारं कदापि न सहिष्यते इति तस्य कथनम्।

Health Ads - Advertisement
Health Ads
HEALTH & WEALTH ADS
Health & Wealth Advertisement

Advertisement

GLOBAL ADS
Kripal Industries - Eco Friendly Disposable Solutions
GLOBAL ADS
Aditya Industries - Nature Friendly Disposable Products
ADVERTISEMENT
स्वास्थ्य एवं चिकित्सा सलाहकार - गुरुदेव गोयल
Raja Saw Mill Advertisement

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed