सस्ते सोने की आड़ में फर्जीवाड़े पर कड़ा वार, बिलासपुर में आज आधे दिन बंद रहेगा सराफा बाजार। Major Crackdown on Fake Cheap-Gold Offers: Jewellery Market in Bilaspur to Remain Closed for Half a Day Today। सस्तसुवर्णस्य नाम्ना प्रचलितस्य कपटव्यवहारस्य विरुद्धं प्रहारः, बिलासपुरस्य सुवर्णविपणिः अद्य अर्धदिनं पिहिता भविष्यति।
स्वर्ण की शुद्धता, उपभोक्ताओं के हितों और पारंपरिक सराफा कारोबारियों के अधिकारों की सुरक्षा की मांग को लेकर बिलासपुर का सराफा बाजार आज आधे दिन बंद रहेगा। यह बंद छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन के आह्वान पर किया जा रहा है।इस दौरान सराफा व्यापारी एकजुट होकर पैदल मार्च निकालेंगे और जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेंगे। कारोबारियों की प्रमुख मांग भ्रामक विज्ञापनों पर प्रभावी रोक लगाने तथा स्थानीय सराफा व्यापार के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की है।

बिलासपुर।स्वर्ण की शुद्धता, उपभोक्ता हित और सराफा व्यापारियों के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन ने 20 अगस्त को प्रदेशव्यापी ज्ञापन अभियान का ऐलान किया है। प्रदेश के सभी 33 जिलों में जिला कलेक्टर के माध्यम से प्रधानमंत्री कार्यालय, भारत सरकार के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। बिलासपुर में आधे दिन सराफा बाजार बंद रखकर सभी व्यापारी पैदल यात्रा के रूप में कलेक्टर कार्यालय पहुंचेंगे।
छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी ने कहा है कि स्वर्ण की शुद्धता और उपभोक्ताओं के हितों से जुड़े मुद्दों पर संगठन पूरे जोर-शोर से विरोध दर्ज कराएगा। एसोसिएशन के अनुसार, 14 अगस्त को सामने आए एक मामले में एचयूआईडी युक्त आभूषण की जांच के दौरान शुद्धता को लेकर विवाद की स्थिति सामने आई थी।संगठन ने स्वर्ण की शुद्धता, एचयूआईडी और हॉलमार्क की विश्वसनीयता, उपभोक्ता संरक्षण तथा ज्वेलरी कारोबार में बढ़ती अनियमितताओं से जुड़े मामलों को लेकर प्रदेशव्यापी अभियान शुरू करने की बात कही है। एसोसिएशन का उद्देश्य पारदर्शी और विश्वसनीय स्वर्ण व्यापार व्यवस्था सुनिश्चित करना बताया गया है।
छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन ने कहा है कि बड़े ब्रांडेड ज्वेलरी शोरूम “सस्ता सोना”, “जीरो मेकिंग चार्ज” और “एक्सचेंज ऑफर” जैसे आकर्षक विज्ञापनों के जरिए ग्राहकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं। संगठन का कहना है कि ऐसे प्रचारों में पूरी पारदर्शिता नहीं होने पर ग्राहकों के साथ-साथ पारंपरिक सराफा कारोबार भी प्रभावित हो सकता है।एसोसिएशन ने आरोप लगाया कि भ्रामक या अस्पष्ट प्रचार से पुश्तैनी सराफा व्यापारियों की वर्षों की मेहनत से बनी विश्वसनीयता और उनके व्यापारिक हितों को नुकसान पहुंचने की आशंका है। संगठन ने ज्वेलरी विज्ञापनों में पारदर्शिता और उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई है।
सराफा कारोबारियों द्वारा प्रधानमंत्री के नाम सौंपे जाने वाले ज्ञापन में ज्वेलरी व्यापार और उपभोक्ता हितों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल किए जाएंगे। इसमें स्वतंत्र एवं निष्पक्ष गोल्ड टेस्टिंग व्यवस्था लागू करने, एचयूआईडी, हॉलमार्क और गोल्ड टेस्टिंग मशीनों की कड़ी निगरानी करने तथा मशीनों का नियमित कैलिब्रेशन सुनिश्चित करने की मांग प्रमुख रूप से रखी जाएगी।इसके अलावा भ्रामक विज्ञापनों पर प्रभावी रोक, सभी ज्वेलरी प्रतिष्ठानों के लिए सरल और समान बिलिंग नियम लागू करने की मांग भी उठाई जाएगी। ज्ञापन में पुश्तैनी कारीगरी और भारतीय स्वर्ण कला को संरक्षण देने के लिए भारतीय स्वर्ण कला बोर्ड अथवा स्वर्णकार कल्याण बोर्ड के गठन की भी मांग शामिल है। साथ ही स्थानीय सराफा व्यापारियों और पारंपरिक स्वर्ण कारीगरों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाएगा।
छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष कमल सोनी ने स्पष्ट किया कि यह अभियान किसी व्यक्ति या विशेष ब्रांड को निशाना बनाने के लिए नहीं चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संगठन का मुख्य उद्देश्य स्वर्ण व्यापार में पारदर्शिता और विश्वसनीयता को मजबूत करना है।अभियान के माध्यम से उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा, स्वर्ण की शुद्धता सुनिश्चित करने तथा स्थानीय और पारंपरिक स्वर्ण कारीगरों एवं व्यापारियों की प्रतिष्ठा और आजीविका को सुरक्षित रखने पर जोर दिया जा रहा है।
प्रदेश के सभी 33 जिलों से प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंचेगा ज्ञापन
छत्तीसगढ़ में स्वर्ण व्यापार, उपभोक्ता हित और सराफा क्षेत्र की समस्याओं को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने के लिए प्रदेशव्यापी अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत सभी 33 जिलों की सराफा इकाइयां अपने-अपने जिला कलेक्टर के माध्यम से भारत सरकार के प्रधानमंत्री कार्यालय के नाम ज्ञापन सौंपेंगी।इस प्रदेशव्यापी अभियान में सराफा व्यापार से जुड़े विभिन्न संगठनों, कारोबारियों और प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी रहेगी। एक ही समय पर सभी जिलों में ज्ञापन सौंपकर सराफा कारोबार से जुड़े प्रमुख मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने की रणनीति बनाई गई है।
सराफा कारोबारियों के समर्थन में बिलासपुर का सराफा बाजार आज आधे दिन बंद
स्वर्ण कारोबार और सराफा व्यापारियों की मांगों को लेकर बिलासपुर में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया है। अभियान के तहत 20 अगस्त को सराफा बाजार आधे दिन तक बंद रहेगा।जिलेभर के सराफा व्यापारी बंद बाजार से एकजुट होकर पैदल मार्च निकालते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचेंगे। वहां कलेक्टर महोदय के माध्यम से प्रधानमंत्री कार्यालय के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। इस आयोजन के जरिए सराफा कारोबार से जुड़े मुद्दों और व्यापारियों की मांगों को संगठित रूप से प्रमुखता से उठाया जाएगा।
English
The jewellery market in Bilaspur will remain closed for half a day today following a call by the Chhattisgarh Sarafa Association. The protest is aimed at protecting gold purity, consumer interests and the rights of traditional jewellers.Jewellery traders will hold a united foot march to the District Collector’s Office and submit a memorandum addressed to the Prime Minister. Their key demands include strict action against misleading advertisements and effective protection of the interests of local jewellery businesses.
Chhattisgarh Sarafa Association state president Kamal Soni has said that the organisation will strongly raise its voice on issues concerning gold purity and consumer interests. According to the association, a case that came to light on August 14 raised concerns over the testing and purity assessment of a HUID-marked gold ornament.The association has announced a statewide campaign focusing on gold purity, the credibility of HUID and hallmarking, consumer protection, and issues affecting fair and trustworthy practices in the jewellery trade. The campaign aims to promote a transparent and reliable system for gold transactions.
The Chhattisgarh Sarafa Association has expressed concern over promotional campaigns by major branded jewellery showrooms offering deals such as “cheap gold”, “zero making charges” and attractive exchange offers. The association said that if such promotions lack complete transparency, they may affect both consumers and traditional jewellery businesses.The organisation alleged that misleading or unclear advertisements could undermine the trust built by traditional jewellers over many years and adversely impact their business interests. It has called for greater transparency in jewellery advertisements and stronger protection of consumer interests.
The memorandum to be submitted by jewellery traders in the name of the Prime Minister will highlight several key issues related to the jewellery sector and consumer protection. Major demands include an independent and impartial gold-testing system, strict monitoring of HUID, hallmarking and gold-testing machines, along with regular calibration of testing equipment.The memorandum will also seek effective action against misleading advertisements and simple, uniform billing rules for all jewellery establishments. It will further call for the establishment of an Indian Gold Art Board or Goldsmith Welfare Board to protect traditional craftsmanship and India’s gold jewellery heritage. Protection of local jewellery traders and traditional gold artisans will also be among the key demands.
Chhattisgarh Sarafa Association president Kamal Soni clarified that the campaign is not aimed at any individual or specific brand. He said the primary objective is to strengthen transparency and trust in the gold trade.The campaign focuses on protecting consumer interests, ensuring the purity of gold, and safeguarding the reputation and livelihoods of local and traditional gold artisans and traders.
As part of the ongoing campaign concerning issues related to the gold trade, memorandums will be submitted simultaneously across all 33 districts of Chhattisgarh. The representations will be forwarded to the Prime Minister’s Office through the district administration.
A statewide campaign is being organised in Chhattisgarh to raise issues related to the gold trade, consumer interests and challenges facing the jewellery sector at the national level. Under the campaign, Sarafa units in all 33 districts will submit memorandums addressed to the Prime Minister’s Office, Government of India, through their respective District Collectors.Various organisations, traders and representatives associated with the jewellery trade will participate in the statewide campaign. By submitting memorandums simultaneously across all districts, the organisers aim to effectively take the key concerns of the Sarafa sector to the national level.
The Bilaspur jewellery market will remain closed for half a day today in support of the statewide campaign and issues concerning the gold trade. Jewellery traders will also participate in the protest and memorandum programme to press for their demands.
A special campaign has been planned in Bilaspur to highlight issues related to the gold trade and the demands of Sarafa traders. As part of the campaign, the jewellery market will remain closed for half a day on August 20.Jewellery traders from across the district will unite and march on foot from the closed market to the Collector’s Office. A memorandum addressed to the Prime Minister’s Office will be submitted to the Collector. The programme aims to collectively raise the key demands of Sarafa traders and issues concerning the gold and jewellery business.
संस्कृत
छत्तीसगढ़-सुवर्णव्यापारिसंघस्य आह्वानेन बिलासपुरस्य सुवर्णविपणिः अद्य अर्धदिनं पिहिता भविष्यति। एतस्य मुख्योद्देश्यः स्वर्णस्य शुद्धतायाः, उपभोक्तॄणां हितानां तथा पारम्परिकसुवर्णव्यापारिणां अधिकाराणां संरक्षणम् अस्ति।सुवर्णव्यापारिणः एकतया पदयात्रां कृत्वा जिलाधिकारिणः कार्यालयं गमिष्यन्ति तथा प्रधानमन्त्रीणः नाम्ना ज्ञापनपत्रं समर्पयिष्यन्ति। तेषां प्रमुखा मागधाराः भ्रामकविज्ञापनानां निरोधनं स्थानीयसुवर्णव्यापारिणां हितानां च सम्यक् संरक्षणम् इति।
छत्तीसगढ़-सराफा-एसोसिएशनस्य प्रदेशाध्यक्षः कमल सोनी उक्तवान् यत् स्वर्णस्य शुद्धतां तथा उपभोक्तृहितान् विषयीकृत्य संघः पूर्णशक्त्या विरोधं प्रकटयिष्यति। संघस्य अनुसारं अगस्तमासस्य १४ दिनाङ्के प्रकाशं प्राप्ते एकस्मिन् प्रकरणे एचयूआईडी-चिह्नयुक्तस्य सुवर्णाभूषणस्य परीक्षणसमये शुद्धतासम्बन्धी विवादः उत्पन्नः।संघेन स्वर्णस्य शुद्धता, एचयूआईडी-हॉलमार्कयोः विश्वसनीयता, उपभोक्तृसंरक्षणम् तथा आभूषणव्यापारे पारदर्शितायाः विश्वसनीयव्यवहारस्य च संवर्धनं विषयीकृत्य प्रदेशव्यापि अभियानस्य घोषणा कृता। अस्य अभियानस्य उद्देश्यः पारदर्शिणीं विश्वसनीयां च सुवर्णव्यवस्थां सुनिश्चितं कर्तुम् अस्ति।
छत्तीसगढ़-सराफा-एसोसिएशनेन उक्तं यत् बृहद्ब्राण्डयुक्तानि सुवर्णाभूषणविक्रयकेन्द्राणि “सस्तसुवर्णम्”, “शून्यनिर्माणशुल्कम्” तथा “विनिमयप्रस्तावः” इत्यादिभिः आकर्षकप्रचारैः ग्राहकार्थिनः प्रभावितं कर्तुं प्रयत्नं कुर्वन्ति। संघस्य मते, यदि एतेषु प्रचारेषु पूर्णा पारदर्शिता न भवति, तर्हि उपभोक्तृणां हितानि पारम्परिकसुवर्णव्यापारिणां व्यापारहितानि च प्रभावितानि भवितुं शक्नुवन्ति।संघेन आशङ्का प्रकटिता यत् भ्रामकाः अथवा अस्पष्टाः प्रचाराः पुश्तैनीसुवर्णव्यापारिणां वर्षानुवर्षार्जितां विश्वसनीयतां तेषां व्यापारहितांश्च बाधितुं शक्नुवन्ति। अतः संगठनम् आभूषणप्रचारेषु पारदर्शितां उपभोक्तृहितसंरक्षणं च सुनिश्चितं कर्तुं आग्रहं करोति।
सुवर्णव्यापारिभिः प्रधानमन्त्रीणः नाम्ना समर्पयितव्ये ज्ञापने आभूषणव्यवसायेन उपभोक्तृहितैः च सम्बद्धाः अनेकाः प्रमुखमागाः प्रस्तोष्यन्ते। तासु स्वतन्त्रस्य निष्पक्षस्य च सुवर्णपरीक्षणतन्त्रस्य स्थापना, एचयूआईडी-हॉलमार्कयोः सुवर्णपरीक्षणयन्त्राणां च कठोरनिरीक्षणम् तथा परीक्षणयन्त्राणां नियमितं अंशांकनम् प्रमुखतया सम्मिलितानि भविष्यन्ति।तदतिरिक्तं भ्रामकविज्ञापनानां प्रभावी निरोधः, सर्वेषां आभूषणप्रतिष्ठानानां कृते सरलानां समानानां च बिलनिर्माणनियमानां प्रवर्तनम् अपि माग्यते। ज्ञापने पुश्तैनीकारुशिल्पस्य भारतीयस्वर्णकलायाः च संरक्षणार्थं भारतीयस्वर्णकलामण्डलस्य अथवा सुवर्णकारकल्याणमण्डलस्य गठनस्य मागः अपि भविष्यति। स्थानीयसुवर्णव्यापारिणां पारम्परिकसुवर्णकाराणां च हितसंरक्षणं सुनिश्चितं कर्तुं विशेषः आग्रहः क्रियते।
छत्तीसगढ़-सराफा-एसोसिएशनस्य अध्यक्षः कमल सोनी स्पष्टतया उक्तवान् यत् एतत् अभियानं कस्यचित् व्यक्तेः अथवा कस्यचित् विशेषब्राण्डस्य विरोधार्थं न प्रचलति। अस्य मुख्योद्देश्यः स्वर्णव्यापारे पारदर्शितायाः विश्वसनीयतायाः च सुदृढीकरणम् अस्ति।अभियानस्य माध्यमेन उपभोक्तृहितानां संरक्षणम्, स्वर्णस्य शुद्धतायाः सुनिश्चितीकरणम् तथा स्थानीयानां पारम्परिकाणां च सुवर्णकाराणां व्यापारिणां प्रतिष्ठायाः आजीविकायाः च रक्षणं प्रमुखतया लक्ष्यीकृतम् अस्ति।
स्वर्णव्यापारसम्बद्धान् विषयान् अधिकृत्य प्रचलितस्य अभियानस्य अन्तर्गतं छत्तीसगढ़स्य सर्वेषु ३३ जनेपदेषु एकस्मिन् काले ज्ञापनानि समर्पितानि भविष्यन्ति। एतानि ज्ञापनानि जिलाप्रशासनस्य माध्यमेन प्रधानमन्त्रीकार्यालयं प्रति प्रेषितानि भविष्यन्ति।
छत्तीसगढ़े स्वर्णव्यापारस्य, उपभोक्तृहितानां तथा सराफा-क्षेत्रस्य समस्याः राष्ट्रीयस्तरे प्रस्तोतुं प्रदेशव्यापि अभियानं प्रचलति। अस्य अभियानस्य अन्तर्गतं सर्वेषु ३३ जनेपदेषु स्थिताः सराफा-इकाइयः स्वस्व-जिलाधिकारिणां माध्यमेन भारतसर्वकारस्य प्रधानमन्त्रीकार्यालयस्य नाम्ना ज्ञापनानि समर्पयिष्यन्ति।अस्मिन् प्रदेशव्यापि अभियाने सराफा-व्यापारेण सम्बद्धानां विविधसङ्घटनानां, व्यापारिणां प्रतिनिधीनां च सहभागिता भविष्यति। सर्वेषु जनेपदेषु एकस्मिन् काले ज्ञापनसमर्पणेन सराफा-क्षेत्रस्य प्रमुखविषयान् राष्ट्रीयस्तरं प्रभावीरूपेण प्रापयितुं योजना कृता अस्ति।
स्वर्णव्यापारसम्बद्धानां विषयाणां प्रदेशव्यापिअभियानस्य च समर्थनार्थं बिलासपुरस्य सुवर्णविपणिः अद्य अर्धदिनं पिहिता भविष्यति। अस्मिन् अवसरे सुवर्णव्यापारिणः स्वमागाणां समर्थनार्थं विरोध-ज्ञापनकार्यक्रमेषु सहभागीभविष्यन्ति।


